मुंबई। महाराष्ट्र की युवा कवयित्री एवं साहित्यकार विजय प्रकाश दीक्षित की सुपुत्री एवं रत्नेश दूबे की धर्म पत्नि अनामिका दूबे को साहित्यिक, सामाजिक एवं शैक्षणिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए “Bassam Forum for Culture and Arts” & “Rehabilitation Center for International Arbitration for Justice and Peace” के संयुक्त तत्वावधान में डॉक्टरेट की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया।

अनामिका दूबे इससे पूर्व भी अनेक साहित्यिक एवं सामाजिक सम्मानों से अलंकृत हो चुकी हैं, जिनमें कलम रत्न पुरस्कार, अजातशत्रु भारतरत्न अटल सम्मान, स्व. प्रेमशंकर शर्मा पुरस्कार सहित सैकड़ों सम्मान शामिल हैं। उनकी रचनाएँ कई साझा साहित्यिक संग्रहों में प्रकाशित हो चुकी हैं।

उन्होंने चार साझा संग्रहों का संपादन भी किया है, जबकि उनका एकल काव्य संग्रह “मेरी भावनाएं” भी प्रकाशित हो चुका है। सामाजिक, सांस्कृतिक, साहित्यिक एवं शैक्षणिक विषयों पर उनके अनेक आलेख पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए हैं।

वर्तमान में अनामिका दूबे शिक्षिका के रूप में कार्यरत हैं तथा साहित्य और शिक्षा के क्षेत्र में उनकी विशेष रुचि है। वे नवोदित साहित्यकारों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से अपनी साहित्यिक संस्था “राष्ट्रीय साहित्य नवरत्न मंच” के तत्वावधान में निःशुल्क साहित्यिक सम्मान भी प्रदान करती रही हैं। उनकी रचनाएँ देश-विदेश की पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुकी हैं।

इस उपलब्धि पर उनके सहयोगियों, परिवारजनों एवं अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने उन्हें शुभकामनाएँ एवं बधाइयाँ दी हैं।


You must be logged in to post a comment.