गोण्डा। शासन सहित प्रशासन में जड़ जमा चुके भ्रस्टाचार के कारण आये दिन हो रही दुर्घटनाओं में देश के नौनीहालों की होने वाली आकस्मिक मौतों के बाद औपचारिकता निभाने की परंपरा का पालन जिले के प्रशासन ने भी करते हुए आज जनपद में संचालित लइब्रेरी को आखिर नोटिस जारी कर दिया।
ज्ञात हो की प्रशासनिक लापरवाही और भ्रस्ट आचरण के चलते सोमवार को घटी दुर्घटना ने प्रदेश की राजधानी में १५ मासूमों को निगल लिया, अब दिखाने को तो सरकार ने एस आई टी का गठन कर घटना की जाँच के आदेश दे दिए हैं लेकिन सवाल तो ये है की ज़ब हर स्तर पर निगरानी के लिए विभाग और अधिकारियों कर्मचारियों की पूरी फौज तैनात है जिनपर प्रतिमाह करोड़ों रुपये व्यय किये जा रहे हैं तो ऐसी स्थिति कैसे आ गईं जिनसे ऐसी घटना घटी, और क्या अपनी जिम्मेदारी न निभाने वाले दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों पर हत्या का मुकदमा चलाते हुए उनकी प्रत्येक संपत्ति जब्त की जाएगी।
फिलहाल जिले में भी प्रशासन ने अपनी औपचारिकता निभाते हुए लाइब्रेरी संचालकों को नोटिस जारी किया है, ज़िला विद्यालय निरीक्षक डा रामसिंह ने जारी नोटिस में कहा है की जिले में संचालित सभी लाइब्रेरी संचालक तत्काल कार्यालय में संपर्क कर अपने लाइब्रेरी में छात्रों को उपलब्ध सुविधाओं यथा पेयजल, वेंटीलेशन, विद्युत्, शौचालय, अग्निशमन आदि की विस्तृत जानकारी विभाग को उपलब्ध कराएं।
उन्होंने संचालकों को चेतावनी देते हुए ये भी कहा है की जानकारी उपलब्ध न कराने की स्थिति में निरीक्षण में खामी पाए जाने पर कठोर कार्यवाई की जाएगी।
